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IPC की धारा 353 और BNS की धारा 132 लोक सेवकों की सुरक्षा से जुड़े कानून का पूरा विश्लेषण

धारा 445 क्या है और यह किस अपराध को बताती है?

गृह भेदन(House breaking ): इस संहिता की धारा 445 के अनुसार गृह भेदन का अपराध उस समय होता है जब कोई व्यक्ति ग्रह अतिचार करता है या किसी भी भाग में निम्नलिखित उल्लेखित 6 तरीकों में से घर में प्रवेश करता है या यदि उस पर घर में या उसके किसी भाग में अपराध करने के प्रयोजन से होते हुए या वहां अपराध कर चुकने पर उस घर से उसके किसी भाग से  ऐसे 6 तरीकों में से किसी से बाहर निकलता है अर्थात:


(1) यदि वह ऐसे रास्ते में प्रवेश करता है या वहां से निकलता है जो कि स्वयं उसके अथवा उस घर में अनाधिकृत प्रवेश के लिए दुष्प्रेरक  ने उस घर में अनाधिकृत प्रवेश करने के लिए बनाया है।


(2) यदि वह ऐसे रास्ते से जो स्वयं उसके या उस अपराध के अभिप्रेरक से अन्यथा और किसी व्यक्ति द्वारा मनुष्य के प्रवेश के लिए आशयित न हो या किसी ऐसे रास्ते से जिस तक कि वह किसी सीढी अथवा किसी दीवार या भवन पर चढ़कर पहुंचा है प्रवेश करता है या निकलता है।

(3) यदि वह किसी ऐसे रास्ते से प्रवेश करता है या निकलता है जिसको कि उसने उस घर में अनाधिकृत प्रवेश करने हेतु दुष्प्रेरण देने वाले व्यक्ति ने उस घर में अनाधिकृत प्रवेश को करने के लिए किसी भी ऐसे साधन द्वारा खोला है  जिसके द्वारा उस रास्ते का खोला जाना उस घर पर आधिपत्य रखने वाले द्वारा आशयित नहीं था।


(4) यदि वह घर अनाधिकृत प्रवेश करने के लिए या उसके पश्चात उसके घर से निकल कर जाने के लिए ताले को खोलकर प्रवेश करता है या निकलता है।


(5) यदि वह आपराधिक बल का प्रयोग करके या हमला करके या किसी व्यक्ति पर धमकी देकर प्रवेश या प्रस्थान करता है।


(6) यदि वह ऐसे रास्ते में प्रवेश करता है अथवा निकलता है जिसको कि वह ऐसे प्रवेश यात्रा स्थान को रोकने के लिए और स्वयं अपने द्वारा अनाधिकृत प्रवेश के अभिप्रेरक द्वारा खोला हुआ जानता हो तो उसके बारे में यह कहा जाता है कि उसने घर भेदन का अपराध किया है।


                      (धारा 445)



व्याख्या: कोई भी उप निवास भवन जो किसी ग्रह के साथ आधिपत्य में है और जिसके ऐसे ग्रह के बीच बिल्कुल भीतर से जाने का मार्ग है। अंतर्गत खुश घर का भाग है।


उदाहरण(1)'ख' की दीवार में छेद करके अ उसमें अपना हाथ डालकर अनाधिकृत रूप से प्रवेश करता है। अ ने गृह भेदन का अपराध किया है।


(2) 'ग' किसी खिड़की से घुसकर ब के मकान में प्रवेश करता है। ग ने गृह भेदन का अपराध किया है।


(3) क एक तार अपनी खिड़की से होकर ग के  दरवाजे  की कढी में डालकर ग का दरवाजा खोल लेता है और उस तरह से ग के मकान में घुस जाता है। क ने गृह भेदन का अपराध किया है।

(4) 'अ' अपने मकान के दरवाजे पर खड़ा है। 'ख' उसको धक्का मारकर अ के मकान में घुस जाता है ख  ने गृह भेदन का अपराध  किया है।


(5) अ' , ब ' की कोठी के चौकीदार को धमकाकर फाटक खुलवा लेता है और कोठी में घुस जाता है। अ ने गृह भेदन का अपराध किया है।


(6) क को ख के घर के दरवाजे की चाबी मिल जाती है जिससे ताला खोलकर क उसके घर में घुस जाता है ख ने गृह भेदन का अपराध किया है।


(7) 'अ' अपनी छत कूदकर ब के आंगन में कूद जाता है अ ने गृह भेदन का अपराध  किया है।



रात्रि में गृह भेदन(house breaking by night ): सूर्यास्त के पश्चात और सूर्योदय के पूर्व भेदन को रात्रि में भेदन(house breaking by night ) कहलाता है।


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