मेहर क्या है? एक कहानी से समझिए मुस्लिम पत्नी का अधिकार, प्रकार और कानूनी महत्व मेहर क्या होता है? क्या मेहर दहेज के समान है? निकाह में मेहर तय न हो तो क्या पत्नी मेहर मांग सकती है? मुअज्जल और मुअख्खर मेहर क्या होता है? पति की मृत्यु के बाद बाकी मेहर का क्या होगा? मुस्लिम विवाह से जुड़े इन सवालों को समझने के लिए आइए एक आसान कहानी से शुरुआत करते हैं। एक निकाह की कहानी से समझिए मेहर का पूरा कानून उत्तर प्रदेश के एक छोटे शहर में अयान नाम का युवक रहता था। उसकी शादी समीरा से तय हुई। दोनों परिवार निकाह के लिए एक जगह इकट्ठा हुए। निकाह के दौरान काजी ने पूछा— “मेहर कितना तय किया गया है?” समीरा के पिता ने कहा— “मेहर ₹3 लाख तय हुआ है।” काजी ने पूछा— “इसमें कितना अभी दिया जाएगा और कितना बाद में?” अयान के परिवार ने कहा— “₹1 लाख अभी और ₹2 लाख बाद में।” निकाह हो गया। समीरा ने सोचा कि उसका वैवाहिक जीवन अब ठीक से चलने लगेगा। लेकिन कुछ वर्षों बाद अयान और समीरा के बीच विवाद शुरू हो गया। समीरा ने एक दिन अयान से कहा— “निकाह के समय ₹3 लाख मेहर तय हुआ था। उसमें से ₹2 लाख अभी बाकी हैं।” अयान ने जवाब दिया— “...
कानून समझें • अपने अधिकार जानें • सही कदम उठाएँ”